रायबरेली। जनपद में किसानों की फार्मर रजिस्ट्री प्रक्रिया को गति देने के उद्देश्य से मंगलवार को जिलाधिकारी हर्षिता माथुर ने कलेक्ट्रेट परिसर से प्रचार वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह वाहन जिले के सभी विकास खंडों में अगले 10 दिनों तक प्रचार-प्रसार करेंगे, ताकि शेष पात्र किसानों की फार्मर रजिस्ट्री सुनिश्चित की जा सके।
जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद रायबरेली में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत कुल 5,43,325 कृषक पंजीकृत हैं, जिनमें से 62,534 किसान विभिन्न कारणों से अपात्र पाए गए। इस प्रकार फार्मर रजिस्ट्री कराने का वास्तविक लक्ष्य 4,80,791 किसानों का है। इसके सापेक्ष अब तक 3,13,379 किसानों की फार्मर रजिस्ट्री पूरी हो चुकी है, जो कुल लक्ष्य का 65.18 प्रतिशत है।
शेष 1,67,412 किसानों की रजिस्ट्री कराए जाने के लिए यह विशेष प्रचार अभियान शुरू किया गया है।
जिलाधिकारी ने कहा कि प्रचार वाहनों के माध्यम से गांव-गांव जाकर किसानों को फार्मर रजिस्ट्री की अनिवार्यता और इससे मिलने वाले लाभों की जानकारी दी जाएगी। उन्होंने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि अभियान के दौरान किसानों की समस्याओं का समाधान करते हुए रजिस्ट्री की प्रक्रिया को सरल और समयबद्ध बनाया जाए।
इस अवसर पर उप निदेशक कृषि विनोद कुमार ने बताया कि सरकार की किसानों के लिए संचालित सभी योजनाएं अब फार्मर रजिस्ट्री डाटा से ऑनलाइन संचालित होंगी। जिन किसानों की फार्मर रजिस्ट्री नहीं होगी, वे योजनाओं के लाभ से वंचित रह सकते हैं। उन्होंने बताया कि खरीफ 2026 से अनुदानित उर्वरक भी इसी डाटा के आधार पर उपलब्ध कराया जाएगा।
उन्होंने आगे कहा कि किसान क्रेडिट कार्ड, आपदा की स्थिति में क्षतिपूर्ति, न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर फसल खरीद और फसल बीमा की क्षतिपूर्ति जैसी सुविधाएं भी फार्मर रजिस्ट्री के माध्यम से बिना अतिरिक्त सत्यापन के शीघ्र उपलब्ध कराई जाएंगी।
कृषि विभाग ने किसानों से अपील की है कि जिन पात्र किसानों की फार्मर रजिस्ट्री अभी तक नहीं हुई है, वे शीघ्र अपने नजदीकी केंद्र या संबंधित विभाग से संपर्क कर रजिस्ट्री कराएं, ताकि सरकारी योजनाओं का पूरा लाभ समय पर मिल सके।

















