Monday, 26 October 2026 nishpakshdarpan.com

निष्पक्ष दर्पण

Monday
26 October 2026
ताज़ा खबर
स्वस्थ और सशक्त भारत के लिए खेलों को दिनचर्या का हिस्सा बनाने पर जोरलखनऊ के बदाली खेड़ा में गृहकर छूट शिविर, वार्डवासियों को मिला बकाया टैक्स जमा करने का मौकारायबरेली सदर विधायक अदिति सिंह ने आईटीआई से अभयदाता जी महाराज मंदिर तक नवनिर्मित मार्ग का किया लोकार्पणरायबरेली में PET-2026 परीक्षा: पहली पाली में 6,930 अभ्यर्थी उपस्थित, 2,814 रहे अनुपस्थितलखनऊ के बंथरा में 15 वर्षीय किशोरी बरामद, बहला-फुसलाकर ले जाने का आरोपी गिरफ्ताररायबरेली के देवगांव में शीतला माता मंदिर पर भव्य झांकी और जागरण, उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़यूपी में 5 डेटा सेंटर क्लस्टर विकसित होंगे, टेक संगम 2026 में सीएम योगी ने किया ऐलानलखनऊ में किसान महापंचायत में उठे अन्नदाताओं के मुद्दे, 10 हजार से अधिक किसानों ने लिया हिस्सास्वस्थ और सशक्त भारत के लिए खेलों को दिनचर्या का हिस्सा बनाने पर जोरलखनऊ के बदाली खेड़ा में गृहकर छूट शिविर, वार्डवासियों को मिला बकाया टैक्स जमा करने का मौकारायबरेली सदर विधायक अदिति सिंह ने आईटीआई से अभयदाता जी महाराज मंदिर तक नवनिर्मित मार्ग का किया लोकार्पणरायबरेली में PET-2026 परीक्षा: पहली पाली में 6,930 अभ्यर्थी उपस्थित, 2,814 रहे अनुपस्थितलखनऊ के बंथरा में 15 वर्षीय किशोरी बरामद, बहला-फुसलाकर ले जाने का आरोपी गिरफ्ताररायबरेली के देवगांव में शीतला माता मंदिर पर भव्य झांकी और जागरण, उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़यूपी में 5 डेटा सेंटर क्लस्टर विकसित होंगे, टेक संगम 2026 में सीएम योगी ने किया ऐलानलखनऊ में किसान महापंचायत में उठे अन्नदाताओं के मुद्दे, 10 हजार से अधिक किसानों ने लिया हिस्सा
लखनऊ

यूपी से स्किल पलायन रोकने के लिए टेक्सटाइल, फुटवियर और अन्य उद्योगों को बढ़ावा देना जरूरी : मंत्री नन्दी

दिनांक: Friday, 24 July 2026 | समय: 06:16 PM | लेखक: | श्रेणी: लखनऊ
  • 1 ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था लक्ष्य पर समीक्षा बैठक, निवेश, रोजगार और औद्योगिक परियोजनाओं में तेजी लाने के दिए निर्देश

लखनऊ। उत्तर प्रदेश को 1 ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था बनाने के लक्ष्य को गति देने के लिए औद्योगिक विकास मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नन्दी’ ने शुक्रवार को इन्वेस्ट यूपी, पिकप भवन में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक कर निवेश, विनिर्माण, भूमि प्रबंधन एवं औद्योगिक परियोजनाओं की प्रगति का विस्तृत आकलन किया। उन्होंने निर्धारित लक्ष्यों, वर्तमान स्थिति एवं प्रगति की समीक्षा करते हुए उद्योगों को धरातल पर उतारने में आ रही बाधाओं को शीघ्र दूर करने तथा निर्धारित लक्ष्यों को पूरा करने के निर्देश दिए।

समीक्षा बैठक में मंत्री नन्दी ने अधिकारियों को प्रदेश से कुशल श्रमिकों (स्किल) के पलायन को रोकने के लिए टेक्सटाइल और फुटवियर उद्योग को अधिक प्रोत्साहित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने प्रस्तावित ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी (जीबीसी) की तैयारियों के संबंध में भी अधिकारियों से जानकारी ली।

बैठक में मंत्री ने निर्देश दिए कि प्रत्येक तीन माह में प्रगति की समीक्षा बैठक अनिवार्य रूप से आयोजित की जाए, जिससे निवेश परियोजनाओं के क्रियान्वयन में आने वाली बाधाओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने कहा कि प्रदेश में उद्योगों के लिए भूखंड आवंटन प्रक्रिया को और अधिक सरल, पारदर्शी एवं त्वरित बनाया जाए तथा निरस्त किए गए औद्योगिक भूखंडों की अद्यतन स्थिति प्रस्तुत कर उन्हें शीघ्र पुनः आवंटित किया जाए। साथ ही औद्योगिक भूमि बैंक के विस्तार, सिंगल विंडो सिस्टम अधिनियम तथा बुंदेलखंड औद्योगिक विकास प्राधिकरण (बीडा) के विकास कार्यों को भी गति देने के निर्देश दिए।

मंत्री नन्दी ने कहा कि उत्तर प्रदेश से बड़ी संख्या में कुशल श्रमिक टेक्सटाइल, फुटवियर एवं अन्य उद्योगों में कार्य करने के लिए दूसरे राज्यों में जाते हैं। इसे रोकने के लिए प्रदेश में स्किलिंग कार्यक्रमों में व्यापक सुधार तथा टेक्सटाइल, फुटवियर एवं ऑटो-इलेक्ट्रिकल जैसे श्रमप्रधान उद्योगों को विशेष प्रोत्साहन दिया जाना आवश्यक है, ताकि युवाओं को अपने ही राज्य में बेहतर रोजगार के अवसर मिल सकें। उन्होंने कोल आधारित कच्चे माल (रॉ मैटेरियल) की उपलब्धता बढ़ाने तथा निवेशकों के लिए ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को और मजबूत करने पर भी जोर दिया।

बैठक में अधिकारियों ने बताया कि आगामी ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी (जीबीसी) के लिए वर्तमान में 6 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव पूरी तरह तैयार हैं तथा अगले दो-तीन महीनों में यह आंकड़ा 8 लाख करोड़ रुपये तक पहुंचने की संभावना है। अगले तीन महीनों में 500 करोड़ रुपये से अधिक की 50 तथा 100 करोड़ रुपये से अधिक की 500 नई परियोजनाओं को आगे बढ़ाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।

बैठक में विनिर्माण, भूमि अधिग्रहण, निर्यात एवं निवेश सुविधा से जुड़े प्रमुख संकेतकों की विस्तृत समीक्षा की गई। वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान फैक्ट्री अधिनियम के तहत 4,860 नई इकाइयों का पंजीकरण हुआ, जिससे 3 लाख से अधिक रोजगार के अवसर सृजित हुए। यह पिछले वर्ष की तुलना में 33 प्रतिशत की उल्लेखनीय वृद्धि दर्शाता है।

औद्योगिक विकास प्राधिकरणों ने इस अवधि में 15,610 एकड़ भूमि का अधिग्रहण किया, जो पिछले तीन वर्षों में 133 प्रतिशत की वार्षिक वृद्धि दर को दर्शाता है। इसमें से 2,671 एकड़ भूमि का आवंटन औद्योगिक उपयोग के लिए किया जा चुका है। वहीं, राज्य का कुल निर्यात ₹2.01 लाख करोड़ के स्तर पर पहुंच गया, जो उत्तर प्रदेश की निरंतर मजबूत होती औद्योगिक प्रगति को रेखांकित करता है।

बैठक के दौरान वन ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी सेल और इन्वेस्ट यूपी के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से निवेश प्रस्तावों तथा विभिन्न क्षेत्रों में हुए समझौता ज्ञापनों (एमओयू) की प्रगति प्रस्तुत की। साथ ही आगामी ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी (जीबीसी) के लिए तैयार परियोजनाओं की विस्तृत समीक्षा भी की गई।

बैठक को संबोधित करते हुए अपर मुख्य सचिव आलोक कुमार ने कहा कि निवेश परियोजनाओं की त्रैमासिक समीक्षा सुनिश्चित की जाए तथा समयबद्ध क्रियान्वयन और ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी की तैयारियों पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने ओटीडी सेल और इन्वेस्ट यूपी को ₹500 करोड़ से अधिक के बड़े निवेश प्रस्तावों को प्राथमिकता देने के साथ-साथ ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स (जीसीसी) और वित्तीय सेवा क्षेत्र को भी सशक्त बनाने पर जोर दिया, ताकि युवाओं के लिए उच्च गुणवत्ता वाले एवं बेहतर वेतन वाले रोजगार सृजित किए जा सकें।

उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की औद्योगिक विकास दर राष्ट्रीय औसत से अधिक है और 1 ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए इसे और गति देने की आवश्यकता है। इन्वेस्ट यूपी के मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने राज्य में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देने के लिए किए गए हालिया सुधारों की जानकारी साझा की।

उन्होंने बताया कि ‘निवेश मित्र 3.0’ के शुभारंभ के साथ-साथ पर्यावरणीय स्वीकृतियों एवं भवन उपविधि (बिल्डिंग बायलॉज़) के अनुमोदनों में निजी एजेंसियों की सहभागिता सुनिश्चित की गई है। इस पहल से प्रशासनिक प्रक्रियाएं अधिक सरल हुई हैं, समय-सीमा में उल्लेखनीय कमी आएगी तथा परियोजनाओं के क्रियान्वयन को गति मिलेगी।

मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने बताया कि इन्वेस्ट यूपी द्वारा जल्द ही टेक्सटाइल, लेदर एवं ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स (जीसीसी) जैसे प्रमुख क्षेत्रों पर केंद्रित क्षेत्र-विशिष्ट निवेश सम्मेलन आयोजित करने की योजना है। इन सम्मेलनों के माध्यम से राज्य में बड़े पैमाने पर नया निवेश आकर्षित होगा, जिससे उत्तर प्रदेश देश के सबसे पसंदीदा निवेश गंतव्य के रूप में अपनी स्थिति को और अधिक मजबूत करेगा।

बैठक में औद्योगिक विकास राज्य मंत्री जसवंत सिंह सैनी सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

संबंधित ख़बरें

लखनऊ

लखनऊ के बदाली खेड़ा में गृहकर छूट शिविर, वार्डवासियों को मिला बकाया टैक्स जमा करने का मौका

25 October 2026

शकील अहमद सरोजनीनगर (लखनऊ)। लखनऊ के सरोजनीनगर द्वितीय वार्ड-18 के अंतर्गत बदाली खेड़ा स्थित मानव जागृति स्कूल के पोलिंग बूथ…

लखनऊ

लखनऊ के बंथरा में 15 वर्षीय किशोरी बरामद, बहला-फुसलाकर ले जाने का आरोपी गिरफ्तार

25 October 2026

बन्थरा (लखनऊ)। बन्थरा थाना पुलिस ने नाबालिग लड़की के लापता होने के मामले में कार्रवाई करते हुए उसे बरामद कर…