शकील अहमद
सरोजनी नगर, लखनऊ। राजधानी लखनऊ के अमौसी क्षेत्र में प्रस्तावित एयरोसिटी परियोजना से सरोजनी नगर की पहचान को नई दिशा मिलने जा रही है। सरोजनी नगर क्षेत्र में यह परियोजना आर्थिक, वाणिज्यिक और रोजगार के अवसरों के विस्तार का आधार मानी जा रही है।
सरोजनीनगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह का कहना है कि एयरोसिटी निर्माण से क्षेत्र विकास के नए मानचित्र पर उभरेगा और निवेश, रोजगार तथा बुनियादी ढांचे को मजबूती मिलेगी।
अमौसी स्थित चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा के आसपास विकसित की जा रही एयरोसिटी परियोजना को बहुआयामी विकास के रूप में देखा जा रहा है। इस परियोजना के अंतर्गत होटल, कन्वेंशन सेंटर, कॉर्पोरेट ऑफिस, रिटेल स्पेस, लॉजिस्टिक्स हब और डिजिटल सेवाओं से जुड़े संस्थानों के स्थापित होने की संभावना है।
इससे सरोजनी नगर को केवल आवासीय क्षेत्र के रूप में नहीं, बल्कि एक उभरते आर्थिक केंद्र के रूप में पहचान मिल सकती है। परियोजना से विशेष रूप से युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है।
हॉस्पिटैलिटी, सेवा क्षेत्र, प्रबंधन, पर्यटन, परिवहन, स्टार्ट-अप और डिजिटल नवाचार जैसे क्षेत्रों में नए अवसर सृजित होने की संभावना है। स्थानीय व्यापारिक गतिविधियों में भी वृद्धि होने का अनुमान है, जिससे छोटे और मध्यम उद्यमों को प्रोत्साहन मिलेगा।
परियोजना के समर्थन में क्षेत्रीय विधायक द्वारा समय-समय पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर विकास कार्यों में तेजी लाने का आग्रह किया गया। वर्ष 2024 में एयरोसिटी निर्माण की आवश्यकता को रेखांकित करते हुए पत्राचार किया गया था, वहीं 2025 में भी परियोजना की प्रगति के संबंध में सरकार से संवाद किया गया। अब जब निर्माण कार्यों में गति दिखाई दे रही है, तो इसे क्षेत्रीय विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
स्थानीय निवासियों का मानना है कि एयरोसिटी परियोजना से क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं सड़क, विद्युत, जल निकासी और परिवहन में भी सुधार होगा। रियल एस्टेट गतिविधियों में वृद्धि और वाणिज्यिक निवेश से सरोजनी नगर की आर्थिक संरचना सुदृढ़ होने की उम्मीद है।
हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि बड़े पैमाने की परियोजनाओं के साथ संतुलित शहरी नियोजन और पर्यावरणीय प्रबंधन भी आवश्यक है, ताकि विकास के साथ-साथ स्थानीय आबादी की सुविधाओं और संसाधनों पर अनावश्यक दबाव न पड़े।
फिलहाल एयरोसिटी परियोजना को सरोजनी नगर के भविष्य से जोड़कर देखा जा रहा है। यदि प्रस्तावित योजनाएं निर्धारित समयसीमा में पूर्ण होती हैं, तो आने वाले वर्षों में यह क्षेत्र राजधानी के प्रमुख आर्थिक और वाणिज्यिक केंद्रों में शामिल हो सकता है।


















