- भूजल विभाग के जनजागरूकता कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने जल बचाने का लिया संकल्प, रैली निकालकर दिया संरक्षण का संदेश
शकील अहमद
सरोजनी नगर (लखनऊ)। जल संरक्षण के प्रति नई पीढ़ी को जागरूक बनाने के उद्देश्य से क्रिएटिव कॉन्वेंट कॉलेज में भूजल विभाग द्वारा जनजागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर आयोजित निबंध लेखन एवं चित्रकला प्रतियोगिता के विजेता छात्र-छात्राओं को प्रमाण-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों को जल संरक्षण की शपथ दिलाई गई और “जल है तो कल है” का संदेश देते हुए पानी की प्रत्येक बूंद बचाने का संकल्प कराया गया।
कार्यक्रम के दौरान छात्र-छात्राओं ने जल संरक्षण विषय पर प्रभावशाली भाषण प्रस्तुत किए। विद्यार्थियों ने अपने विचारों में जल संकट की गंभीरता, वर्षा जल संचयन की आवश्यकता तथा जल के विवेकपूर्ण उपयोग पर विशेष जोर देते हुए उपस्थित लोगों को जल बचाने के लिए प्रेरित किया। उनकी ओजस्वी प्रस्तुतियों ने अतिथियों एवं अभिभावकों का ध्यान आकर्षित किया।
मुख्य अतिथि आईएएस डॉ. राजेश कुमार प्रजापति, निदेशक, भूजल विभाग ने कहा कि आज जल संरक्षण केवल पर्यावरण का ही नहीं, बल्कि मानव अस्तित्व का भी सबसे महत्वपूर्ण विषय बन चुका है। उन्होंने कहा कि “जल है तो कल है” केवल एक नारा नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य का संकल्प है। इस अवसर पर विद्यार्थियों ने जल संरक्षण जागरूकता रैली भी निकाली। उन्होंने सभी विद्यार्थियों और उपस्थित नागरिकों को जल संरक्षण की शपथ दिलाते हुए वर्षा जल संचयन अपनाने तथा पानी की एक-एक बूंद बचाने का आह्वान किया।
कार्यकारी अभियंता अनुपम ने अपने संबोधन में कहा, “जल बचाने का करें संकल्प, इसके अलावा कोई नहीं है विकल्प।” उन्होंने लोगों से जल का दुरुपयोग रोकने, भूजल स्तर को सुरक्षित रखने और जल संरक्षण को जन-आंदोलन बनाने की अपील की।
कार्यक्रम में कार्यकारी अभियंता अमोद, हाइड्रोलॉजिस्ट श्वेता, जूनियर इंजीनियर पवन तथा सहायक अभियंता ध्यान पाल भी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने विद्यार्थियों के उत्साह की सराहना करते हुए कहा कि यदि बच्चे जल संरक्षण का संदेश घर-घर तक पहुंचाएंगे तो समाज में सकारात्मक बदलाव अवश्य आएगा।
समारोह के अंत में निबंध एवं चित्रकला प्रतियोगिता के विजेता छात्र-छात्राओं को प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर क्रिएटिव कॉन्वेंट कॉलेज के प्रबंधक योगेंद्र सचान को भी आईएएस डॉ. राजेश कुमार प्रजापति द्वारा उत्कृष्ट सहयोग एवं जनजागरूकता कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए प्रशस्ति-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का समापन “जल है तो कल है” तथा “जल बचाने का करें संकल्प, इसके अलावा कोई नहीं है विकल्प” जैसे प्रेरक नारों के साथ हुआ। उपस्थित सभी लोगों ने जल संरक्षण को अपनी जीवनशैली का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया।













