सह संपादक निष्पक्ष दर्पण राष्ट्रीय मासिक पत्रिका न्यूज पोर्टल
लखनऊ। आंखों में अटूट विश्वास के साथ शरीर पर बुर्का पहन जुबां पर बम भोले, ‘बोल बम’ के जयकारों के साथ हरिद्वार से कंधे पर कांवड़ लेकर पैदल आस्था की राह पर निकल पड़ी है। बताया जाता है कि करीब साढ़े तीन साल पहले तक तमन्ना कही जाने वाली इस महिला को आज ‘तुलसी’ के नाम से जाना जाता है, तमन्ना उर्फ तुलसी के पति का नाम अमन त्यागी है, तमन्ना ने अपने जीवन साथी के साथ करीब 170 किलोमीटर की रास्ते को तय करेगी, तमन्ना का हौसला इतना बुलंद है कि उसके हौसले के आगे उसकी थकान बम बोले के जयकारों से गायब हो जाती है।
सुरक्षा व्यवस्था के बीच अब चल रही है तमन्ना की यात्रा
असमोली क्षेत्र के गांव बदनपुर बसई के निवासी अमन त्यागी की पत्नी भले ही मुस्लिम है लेकिन तुलसी का कहना है कि इंसानियत और मोहब्बत साथ हों तो धर्म की दीवारें खुद गिर जाती हैं। यात्रा के दौरान रास्ते में विरोध की आशंका के मद्देनजर पुलिस दंपती पर पैनी निगाहें लगाए है, हरिद्वार से गंगा जल लेकर दोनों संभल में रविवार को महाशिवरात्रि के अवसर पर क्षेमनार्थ शिवालय पर जलाभिषेक करेंगे।
संभल की तमन्ना मलिक की बुर्के में अनोखी कांवड़ यात्रा, हरिद्वार से लाई गंगाजल
हरिद्वार से संभल तक बुर्का पहनकर बम भोले के जयकारो के साथ कांवड़ यात्रा कर रहीं तमन्ना मलिक इन दिनों खूब चर्चा में हैं। असमोली क्षेत्र के बदनपुर गुसाई गांव की रहने वाली तमन्ना ने इस बार महाशिवरात्रि के अवसर पर गंगा घाट से पवित्र जल उठाया और “बोल बम” के जयकारों के साथ पैदल यात्रा शुरू की।
आस्था और समर्पण की यह अनोखी मिसाल इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है। जगह-जगह तमन्ना का फूल मालाओं से स्वागत किया जा रहा है। हिंदू संगठन के पदाधिकारी भी उनकी सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सतर्क है।



















