रायबरेली। बिजली विभाग के अधिकारियों की लापरवाही और मनमानी का एक और मामला सामने आया है। सरेनी थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक किसान के खेत में रात के अंधेरे में चोरी-छिपे बिजली के खंभे लगवा दिए गए, जिससे खेत में खड़ी फसल नष्ट हो गई। किसान अब विभाग के चक्कर काट रहा है, लेकिन खंभे हटाने के बदले उससे 1 लाख रुपये की मांग किए जाने का गंभीर आरोप सामने आया है।
पूरा त्रिवेदी पोस्ट गोपालीखेड़ा मजरे सागरखेड़ा निवासी किसान गौरव त्रिवेदी ने इस संबंध में अधिशासी अभियंता लालगंज को लिखित शिकायत दी है।किसान ने आरोप लगाया कि मलके गांव विद्युत उपखंड द्वारा बिना किसी पूर्व सूचना के उसकी भूमिधारी जमीन में खंभे खड़े कर दिए गए।
किसान का कहना है कि इस प्रक्रिया में उसकी हजारों रुपये की फसल बर्बाद हो गई है, और खेत में लगे खंभे भविष्य में भी जान-माल के खतरे का कारण बनेंगे। अभी खंभों में तार नहीं डाले गए हैं, लेकिन खेत के बीच खंभे लगे रहने से कृषि कार्य गंभीर रूप से प्रभावित होगा।
गौरव त्रिवेदी का आरोप है कि जब वह विभागीय कार्यालय पहुंचा और अपने खेत से खंभे हटाने की मांग की, तो उपखंड के जेई ने बदले में 1 लाख रुपये की मांग कर दी। किसान ने इस मामले में विभाग को लीगल नोटिस भेज दिया है।
किसान का कहना है कि यदि जल्दी खंभे नहीं हटाए गए, तो वह संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने को बाध्य होगा।


















