- हैदरगढ़ के दीपांशु तिवारी ने सीए फाइनल परीक्षा पास कर बढ़ाया क्षेत्र का मान, पिता हरियाणा की फैक्ट्री में करते हैं मजदूरी
पंकज तिवारी
सुबेहा (हैदरगढ़)। मेहनत, लगन और मजबूत इरादों के दम पर हैदरगढ़ क्षेत्र के एक युवा ने वह मुकाम हासिल किया है, जिसका सपना लाखों छात्र देखते हैं। शहरी इस्लामपुर निवासी दीपांशु तिवारी ने भारतीय चार्टर्ड अकाउंटेंट्स संस्थान (ICAI) द्वारा आयोजित सीए फाइनल परीक्षा उत्तीर्ण कर चार्टर्ड अकाउंटेंट (सीए) बनने का गौरव हासिल किया है। उनकी इस उपलब्धि से परिवार ही नहीं, पूरे क्षेत्र में खुशी और गर्व का माहौल है।
सीए देश के सबसे कठिन और प्रतिष्ठित पेशेवर पाठ्यक्रमों में से एक माना जाता है। इसमें लेखांकन, लेखा-परीक्षण, कराधान, वित्त, कंपनी कानून और व्यावसायिक नैतिकता जैसे विषयों का गहन अध्ययन एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण शामिल होता है। गुरुवार को घोषित सीए फाइनल परीक्षा परिणाम में दीपांशु ने सफलता प्राप्त कर अपने परिवार के वर्षों के संघर्ष को नई पहचान दी।
दीपांशु तिवारी के पिता सरजू प्रसाद तिवारी हरियाणा के करनाल स्थित एक फैक्ट्री में मजदूर के रूप में कार्यरत हैं, जबकि उनकी मां कंचन देवी गृहिणी हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद माता-पिता ने बेटे की पढ़ाई में कोई कमी नहीं आने दी।
दीपांशु ने वर्ष 2020 में इंटरमीडिएट की परीक्षा हिंदी माध्यम से उत्तीर्ण की थी। इसके बाद उन्होंने चार्टर्ड अकाउंटेंसी की तैयारी के लिए करनाल का रुख किया और लगातार मेहनत करते हुए पांच वर्षों में यह मुकाम हासिल कर लिया।
अपनी सफलता पर दीपांशु कहते हैं, “हिंदी माध्यम से शुरुआती पढ़ाई करने के कारण सीए की पढ़ाई शुरू में काफी चुनौतीपूर्ण लगी। सबसे पहले मैंने अंग्रेजी पर काम किया और फिर नियमित अध्ययन तथा स्वाध्याय को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बना लिया। यही मेरी सफलता का सबसे बड़ा आधार रहा।”
उन्होंने बताया कि अब उनका लक्ष्य किसी प्रतिष्ठित फर्म में कार्य कर अपने ज्ञान और अनुभव को और आगे बढ़ाना है। दीपांशु की इस सफलता से उनके परिवार, रिश्तेदारों और क्षेत्र के लोगों में खुशी की लहर है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने जो उपलब्धि हासिल की है, वह क्षेत्र के युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी।













