रायबरेली। चंदापुर थाना क्षेत्र के ग्राम ओया में 25 नवंबर की रात हुए हत्या कांड का पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा कर दिया है। अपने खेत स्थित ट्यूबवेल पर सो रहे समरजीत उर्फ विनीत सिंह (35) की हत्या उसी के परिचित युवकों ने मिलकर की थी। पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि मुख्य साजिशकर्ताओं में से एक शुभम अभी फरार है।
कैसे हुई वारदात- अपमान का बदला बना हत्या का कारण
जांच में सामने आया कि मुख्य आरोपी प्रांजुल अक्सर विनीत के ट्यूबवेल पर उसके साथ गांजा पीने जाता था। 22 नवंबर को दोनों के बीच गांजा पीते समय विवाद हो गया। विनीत ने प्रांजुल को गालियाँ देकर धक्का देते हुए ट्यूबवेल से भगा दिया और धमकी दी “आज के बाद दिखाई मत देना, नहीं तो यही जमीन में दफन कर दूँगा।” इस अपमान से बौखलाए प्रांजुल ने बदला लेने की ठान ली।
साजिश रची, शराब पी और पहुँच गए ट्यूबवेल
24 नवंबर की शाम प्रांजुल ने अपने साथी कुनाल, सूरज उर्फ अन्नू, जितेंद्र यादव और शुभम को पहरेमऊ बाजार बुलाया। सभी ने शराब पी और योजनाबद्ध तरीके से मोटरसाइकिलों से विनीत के ट्यूबवेल की ओर निकल पड़े। विनीत उस समय चारपाई पर बैठकर गांजा पी रहा था। जैसे ही उसने प्रांजुल को देखा, बोला “आओ, पीलो।”
तभी पीछे से आए कुनाल ने ट्यूबवेल की दीवार के पास रखी मोटी लकड़ी की फन्टी उठाकर विनीत के सिर पर प्रहार किया। विनीत लड़खड़ा गया और सूरज को पकड़ने लगा, तभी शुभम ने फन्टी छीनकर दोबारा सिर पर वार किया। वार इतना जोरदार था कि फन्टी वहीं टूट गई।
जख्मी विनीत तड़पता रहा और आरोपी वहां से भाग निकले। कुछ दूर जाकर उन्होंने विनीत की जेब का मोबाइल उठाने के लिए वापस लौटकर उसे ट्यूबवेल के कमरे में खींचकर फेंक दिया। मोबाइल को बाद में तोड़कर शारदा नहर में फेंक दिया गया।
23 नवंबर को मौके पर पहुंची पुलिस व फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मृत्यु का कारण सिर पर भारी एवं कठोर वस्तु से प्रहार बताया गया।
चार आरोपी गिरफ्तार, एक की तलाश जारी
पुलिस अधीक्षक डॉ. यशवीर सिंह के निर्देश पर एसओजी, सर्विलांस व चंदापुर पुलिस की संयुक्त टीम ने 27 नवंबर को चार आरोपियों प्रांजुल पुत्र नोखेलाल- देवरी मजरे ओया,.सूरज उर्फ अन्नू पुत्र शिव मोहन यादव- पूरे ठकुराइन अमावां, जितेंद्र यादव पुत्र राकेश कुमार- पूरे ठकुराइन अमावां, कुनाल यादव पुत्र बृजलाल- पूरे ठकुराइन अमावां को गिरफ्तार किया।
उनके पास से हत्या में प्रयुक्त दो लकड़ी की फन्टियाँ बरामद की गईं।
पांचवाँ साथी शुभम पुत्र रोहित- निवासी पहरावां, अभी फरार है और उसकी तलाश जारी है। गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ मुकदमे में धारा। 191(2)/191(3) बीएनएस की बढ़ोत्तरी कर सभी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
गिरफ्तार करने वाली टीम में थानाध्यक्ष अरविंद सिंह, उ0नि0 जिशान शाहिद तथा वि.उ.नि. प्रवीण कुमार सिंह व एसओजी व सर्विलांस यूनिट की संयुक्त भूमिका रही। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपी शुभम को भी जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।


















