- कलेक्ट्रेट सभागार में हुई समीक्षा बैठक, ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने पर जोर
रायबरेली। जनपद में आंधी-तूफान के बाद बाधित हुई विद्युत व्यवस्था को लेकर प्रशासन अब पूरी तरह सक्रिय नजर आ रहा है। सोमवार को जिलाधिकारी सरनीत कौर ब्रोका की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें जनपद में सुचारू और निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित कराने को लेकर विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक में विद्युत विभाग के अधिकारियों ने विभिन्न तहसीलों में आंधी-तूफान से क्षतिग्रस्त हुई बिजली लाइनों, पोल और ट्रांसफार्मरों की मरम्मत तथा विद्युत आपूर्ति बहाल किए जाने की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि जिन क्षेत्रों में बिजली लाइनें क्षतिग्रस्त हुई हैं, वहां मरम्मत कार्य में तेजी लाई जाए और जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त मैनपावर लगाकर विद्युत आपूर्ति जल्द से जल्द बहाल कराई जाए।
उन्होंने कहा कि भीषण गर्मी के बीच आमजन को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए विद्युत विभाग पूरी संवेदनशीलता और तत्परता के साथ कार्य करे।
डीएम ने यह भी निर्देश दिए कि विद्युत आपूर्ति बहाली के कार्यों की लगातार निगरानी की जाए और जहां भी ट्रांसफार्मर, पोल अथवा बिजली के तार क्षतिग्रस्त हैं, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर ठीक कराया जाए। साथ ही ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में बिजली व्यवस्था पर विशेष नजर रखते हुए शिकायतों का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने को कहा गया।
बैठक में विभिन्न तहसीलों में विद्युत आपूर्ति की वर्तमान स्थिति, मरम्मत कार्यों की प्रगति और संसाधनों की उपलब्धता की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि फील्ड स्तर पर लगातार मॉनिटरिंग की जाए ताकि उपभोक्ताओं को लंबे समय तक बिजली संकट का सामना न करना पड़े।
बैठक में सिद्धार्थ, अविनाश पटेल, अखिलेश कुमार सहित विद्युत विभाग के अधिशाषी अभियंता और अन्य अधिकारी मौजूद रहे।













