- दुकनहा स्थित राजकीय होम्योपैथिक चिकित्सालय में डॉक्टर की अनुपस्थिति पर उठे सवाल, शिकायतों के बावजूद कार्रवाई नहीं
रायबरेली। खीरों विकास क्षेत्र के अंतर्गत दुकनहा स्थित राजकीय होम्योपैथिक चिकित्सालय में डॉक्टर की मनमानी से स्वास्थ्य सेवाएं बेपटरी हो गई हैं। मिली भगत के चलते डॉक्टर सिर्फ हफ्ते में एक दिन अस्पताल आती हैं। हफ्ते के बाकी दिनों अस्पताल फार्मासिस्ट और वार्ड बॉय के भरोसे रहता है। डॉक्टर के अलावा अस्पताल में एक फार्मासिस्ट, एक वार्ड बॉय और एक स्वीपर की तैनाती है।
शुक्रवार को सुबह के लगभग दस बजे अस्पताल में डॉक्टर की कुर्सी खाली पड़ी है। फार्मासिस्ट और वार्ड बॉय मरीजों को दवा दे रहे हैं। दुकनहा व इसके आस पास अपनी मनमानी कार्यशैली व अस्पताल से नदारत रहने के चलते डॉक्टर चर्चित हैं। मामले की कई बार डीएचओ से शिकायत हो चुकी है पर आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई।
कई वर्षों से तैनात हैं डॉक्टर
दुकनहा के राजकीय होम्योपैथिक चिकित्सालय में तैनात डॉक्टर हफ्ते में सिर्फ एक दिन आती हैं। उसमें भी लेट लतीफ आती हैं और जल्दी चली जाती हैं। मरीजों के पूछने पर डॉक्टर कहती हैं कि अस्पताल में चाहे जो कोई भी दवा दे, इससे तुम लोगों को क्या मतलब।
जिला होम्योपैथिक अधिकारी से नहीं हो सका संपर्क
मामले पर पक्ष जानने के लिए जिला होम्योपैथिक अधिकारी से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका। ऐसे में अस्पताल में चिकित्सकीय सेवाओं की वास्तविक स्थिति और शिकायतों पर विभागीय कार्रवाई को लेकर सवाल बने हुए हैं।
स्थानीय लोगों ने स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों से मामले की जांच कर नियमित चिकित्सकीय सेवाएं सुनिश्चित कराने की मांग की है, ताकि मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें।












