रायबरेली। जिलाधिकारी हर्षिता माथुर के निर्देशानुसार जनपद रायबरेली में नागरिक सुरक्षा एवं आपदा प्रबंधन की तैयारियों को परखने के उद्देश्य से ब्लैक आउट मॉकड्रिल आयोजित की जा रही है। इस संबंध में अपर जिलाधिकारी (वि.रा.) अमृता सिंह की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में संबंधित विभागों के साथ एक समन्वय बैठक सम्पन्न हुई।
बैठक में नागरिक सुरक्षा विभाग, डीडीएमए, एसडीआरएफ, अग्निशमन विभाग, पुलिस, स्वास्थ्य विभाग सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। अपर जिलाधिकारी अमृता सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि 23 जनवरी 2026 को सायं 06:00 बजे से 06:10 बजे तक गोरा बाजार स्थित राजकीय कॉलोनी एवं उसके आसपास के क्षेत्रों में ब्लैक आउट एक्सरसाइज आयोजित की जाएगी।
उन्होंने बताया कि युद्ध जैसी स्थिति में संभावित हवाई हमले के दौरान नागरिकों, आवासीय क्षेत्रों, सड़कों एवं महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों की सुरक्षा के लिए बिजली बंद रखने की प्रक्रिया को ब्लैक आउट कहा जाता है। इस मॉकड्रिल के दौरान आपातकालीन बचाव एवं राहत कार्यों का अभ्यास किया जाएगा।
अपर जिलाधिकारी ने बताया कि मॉकड्रिल के समय हवाई हमले का संकेत देने वाला रेड सायरन दो मिनट तक ऊँची-नीची आवाज में बजाया जाएगा। इसके बाद खतरा टलने की सूचना देने के लिए दो मिनट तक एक समान आवाज में सायरन बजाया जाएगा। इसका उद्देश्य आपदा की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया और समन्वय को मजबूत करना है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि यह केवल एक मॉकड्रिल है, जिसका उद्देश्य आमजन में जागरूकता फैलाना है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें।
ब्लैक आउट के दौरान नागरिकों को सलाह दी गई है कि सायरन बजने पर शांतिपूर्वक अपने घरों या सुरक्षित स्थानों पर रहें, सभी प्रकार की लाइटें बंद रखें, माचिस, टॉर्च, मोबाइल फोन का प्रयोग न करें। यदि कोई व्यक्ति सड़क पर हो तो वाहन किनारे खड़ा कर उसकी लाइट बंद कर दें। हवाई हमले की समाप्ति के बाद केवल प्रशासनिक निर्देश मिलने पर ही बाहर निकलें।
बैठक में उप जिलाधिकारी सचिन यादव सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।


















