- मानकविहीन जांच से मरीजों की जान जोखिम में, घर बैठे वेतन ले रहा लैब टेक्नीशियन
रायबरेली। खीरों क्षेत्र के दृगपालगंज प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) में स्वास्थ्य सेवाओं के नाम पर गंभीर अनियमितताओं और भ्रष्टाचार का खेल खुलेआम चल रहा है। अस्पताल में तैनात फार्मासिस्ट और वार्ड बॉय की मिलीभगत से मरीजों को अवैध और मानकविहीन पैथोलॉजी से खून की जांच कराने के लिए मजबूर किया जा रहा है, जिससे मरीजों की सेहत के साथ सीधा खिलवाड़ हो रहा है।
सूत्रों के अनुसार पीएचसी में तैनात लैब टेक्नीशियन बिना अस्पताल आए घर बैठे वेतन ले रहा है। उसकी हाजिरी रजिस्टर में फर्जी तरीके से दर्ज की जा रही है। वहीं, अस्पताल में होने वाली निःशुल्क जांचों को जानबूझकर बंद कर मरीजों को बाहर की अवैध पैथोलॉजी में भेजा जाता है, जहां से मोटा कमीशन लिया जाता है।
अस्पताल बना दलालों का अड्डा
बताया जा रहा है कि अस्पताल परिसर में अवैध पैथोलॉजी के झोलाछाप एजेंट दिनभर मंडराते रहते हैं। फार्मासिस्ट मरीजों को उन्हीं एजेंटों के माध्यम से जांच कराने के लिए दबाव बनाता है। वार्ड बॉय अस्पताल के अंदर ही मरीजों का खून सैंपल एजेंट को दिलवाता है, जिससे पूरा खेल अस्पताल परिसर में ही पूरा हो जाता है।
डॉक्टर नदारद, फार्मासिस्ट चला रहा अस्पताल
दृगपालगंज पीएचसी में डॉक्टरों की अनुपस्थिति आम बात हो गई है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि फार्मासिस्ट और वार्ड बॉय ही चाहते हैं कि डॉक्टर अस्पताल न आएं, ताकि जांच और दवाओं के नाम पर अवैध वसूली बेरोकटोक चलती रहे। निःशुल्क जांच के लिए आने वाले गरीब मरीजों को मजबूरी में महंगी और अवैध जांच करानी पड़ रही है।
सीएचसी अधीक्षक पर भी सवाल
इस पूरे मामले में सीएचसी अधीक्षक की भूमिका पर भी गंभीर सवाल उठ रहे हैं। कर्मचारियों की मनमानी, फर्जी हाजिरी और अवैध जांच केंद्रों से सांठगांठ इतने लंबे समय से चल रही है कि बिना उच्च स्तर की मिलीभगत के यह संभव नहीं माना जा रहा।
मिली जानकारी के अनुसार खीरों क्षेत्र में संचालित जिस पैथोलॉजी से जांच कराई जा रही है, उसका सीएमओ कार्यालय में कोई पंजीकरण भी नहीं है, इसके बावजूद खुलेआम मरीजों की जांच कराई जा रही है।
स्थानीय नागरिकों ने मांग की है कि इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कर दोषी कर्मचारियों, फार्मासिस्ट, लैब टेक्नीशियन और जिम्मेदार अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि सरकारी अस्पतालों में आम जनता का भरोसा बना रह सके।


















