ट्रम्प मीडिया का बड़ा दांव: $6 बिलियन में फ्यूजन एनर्जी कंपनी से विलय

अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के ट्रुथ सोशल प्लेटफॉर्म के पीछे की कंपनी ट्रम्प मीडिया एंड टेक्नोलॉजी ग्रुप (टीएमटीजी) ऊर्जा क्षेत्र में प्रवेश करते हुए Google समर्थित फ्यूजन ऊर्जा कंपनी टीएई टेक्नोलॉजीज के साथ 6 अरब डॉलर (करीब 4.4 अरब पाउंड) से अधिक मूल्य के सौदे में विलय करने जा रही है। दोनों कंपनियों ने गुरुवार को संयुक्त बयान जारी कर इस योजना की जानकारी दी।

कंपनियों के अनुसार, यह विलय दुनिया की पहली सार्वजनिक रूप से सूचीबद्ध फ्यूजन ऊर्जा कंपनियों में से एक के गठन का मार्ग प्रशस्त करेगा। परमाणु संलयन आधारित ऊर्जा को भविष्य की स्वच्छ ऊर्जा तकनीक माना जाता है, जिसमें सीमित रेडियोधर्मिता के साथ अत्यधिक मात्रा में ऊर्जा उत्पन्न करने की क्षमता होती है।

संयुक्त बयान में कहा गया है कि प्रस्तावित कंपनी अगले वर्ष दुनिया का पहला यूटिलिटी-स्केल फ्यूजन पावर प्लांट बनाने की दिशा में काम शुरू करेगी, जिसके बाद अन्य संयंत्र भी स्थापित किए जाएंगे। सौदा पूरा होने के बाद टीएमटीजी और टीएई टेक्नोलॉजीज की संयुक्त इकाई में दोनों कंपनियों की 50-50 प्रतिशत हिस्सेदारी होगी। यह विलय 2026 के मध्य तक नियामक और शेयरधारक मंजूरी के अधीन रहेगा।

टीएई टेक्नोलॉजीज बैटरी और इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए ऊर्जा भंडारण तथा बिजली वितरण प्रणालियों की तकनीक विकसित करती है। इसकी सहयोगी इकाई टीएई लाइफ साइंसेज कैंसर रोगियों के उपचार के लिए उन्नत तकनीक और दवाओं पर काम कर रही है। इस गठजोड़ को ट्रम्प मीडिया के लिए एक अप्रत्याशित और साहसिक रणनीतिक बदलाव के रूप में देखा जा रहा है, क्योंकि कंपनी अब सोशल मीडिया और वित्तीय सेवाओं से आगे बढ़कर ऊर्जा क्षेत्र में कदम रख रही है।

टीएमटीजी के अध्यक्ष और मुख्य कार्यकारी अधिकारी डेविन नून्स ने कहा कि यह सौदा “एक क्रांतिकारी तकनीक की दिशा में बड़ा कदम है, जो आने वाली पीढ़ियों तक अमेरिका के वैश्विक ऊर्जा प्रभुत्व को मजबूत करेगा।” उन्होंने फ्यूजन ऊर्जा को 1950 के दशक के बाद से सबसे बड़ी ऊर्जा उपलब्धि बताते हुए कहा कि उनकी कंपनी टीएई की तकनीक को व्यावसायिक रूप से व्यवहार्य बनाने के लिए पूंजी और सार्वजनिक बाजार तक पहुंच उपलब्ध कराएगी।

विशेषज्ञों के अनुसार, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित डेटा केंद्रों के लिए बिजली की बढ़ती मांग ने स्वच्छ और भरोसेमंद परमाणु ऊर्जा में एक बार फिर रुचि बढ़ा दी है। इसके तहत बंद पड़े रिएक्टरों को पुनः शुरू करने, मौजूदा संयंत्रों के विस्तार और भविष्य के छोटे मॉड्यूलर रिएक्टरों के लिए नए अनुबंध किए जा रहे हैं।

संयुक्त बयान में यह भी बताया गया कि टीएई टेक्नोलॉजीज अब तक गूगल, गोल्डमैन सैक्स सहित अन्य निवेशकों से 1.3 अरब डॉलर से अधिक की फंडिंग जुटा चुकी है।

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