शकील अहमद
सरोजनीनगर (लखनऊ)। राजधानी लखनऊ के सरोजनीनगर क्षेत्र स्थित अशोक लीलैंड कंपनी में काम कर रहे कर्मचारियों ने दो माह से वेतन न मिलने के विरोध में गुरुवार को जोरदार धरना-प्रदर्शन किया। लगभग सौ कर्मचारियों ने कंपनी गेट पर एकत्र होकर नारेबाजी की और बकाया वेतन भुगतान की मांग उठाई।
प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों का आरोप था कि उन्हें समय पर वेतन नहीं दिया जा रहा है और वेतन मांगने पर संबंधित ठेकेदार द्वारा नौकरी से निकालने की धमकी दी जाती है। कर्मचारियों ने कहा कि मौजूदा बेरोजगारी के दौर में वे मजबूरी में काम कर रहे हैं, लेकिन उनके साथ लगातार शोषण हो रहा है।
मामले की सूचना मिलते ही एसीपी कृष्णानगर रजनीश वर्मा पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने कर्मचारियों को शांत कर उनकी समस्याएं सुनीं और संबंधित पक्षों से बातचीत कर समाधान निकालने का प्रयास किया। एसीपी ने कंपनी इंचार्ज शक्ति सिंह यादव और संबंधित वेंडर लक्ष्मी इंटरप्राइजेज से वार्ता की।
एसीपी रजनीश वर्मा ने आश्वासन दिया कि जो कर्मचारी नियमित रूप से ड्यूटी कर रहे हैं, उनका बकाया वेतन एक सप्ताह के भीतर दिलाया जाएगा। वहीं, मौके पर मौजूद ठेकेदार ने भी कर्मचारियों का वेतन समय से देने का भरोसा दिया।
कंपनी प्रबंधन की ओर से बताया गया कि कर्मचारियों की नियुक्ति विभिन्न वेंडरों के माध्यम से की जाती है और संबंधित वेंडरों को भुगतान समय पर किया जाता है। इसके बावजूद कर्मचारियों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए समाधान का आश्वासन दिया गया।
इस दौरान एसएसआई हरद्वारी लाल, उप निरीक्षक प्रदीप सिंह, उत्कर्ष त्रिपाठी, संतोष, अमरजीत मिश्रा, आशीष कुमार और सुमित सिंह सहित पुलिस बल मौजूद रहा।
घटना के बाद कर्मचारियों ने फिलहाल धरना समाप्त कर दिया, लेकिन चेतावनी दी कि यदि समय पर वेतन नहीं मिला तो वे दोबारा आंदोलन करने को बाध्य होंगे।


















