- पंचम बैच को दी गई भावभीनी विदाई, नवप्रवेशित छात्र-छात्राओं का हुआ आत्मीय स्वागत
अतुल जौहरी
रायबरेली। रामपाल सिंह स्मृति लॉ कॉलेज में रविवार को पंचम बैच के छात्र-छात्राओं के सम्मान में आयोजित विदाई समारोह एवं नवप्रवेशित छात्र-छात्राओं के परिचय एवं स्वागत समारोह का आयोजन अत्यंत गरिमामय एवं उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।
शिक्षा, संस्कृति, अनुशासन और पारिवारिक आत्मीयता से ओत-प्रोत इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथियों, अधिवक्ताओं, पत्रकारों, शिक्षकों, अभिभावकों एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं की उपस्थिति ने आयोजन की गरिमा को और बढ़ा दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रगान, ध्वजारोहण एवं वृक्षारोपण के साथ हुआ। इसके उपरांत मुख्य अतिथि रामबरन सिंह एडवोकेट, विशिष्ट अतिथि अनूप जायसवाल एडवोकेट एवं शिवकुमार श्रीवास्तव एडवोकेट ने दीप प्रज्ज्वलित कर मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित किए। अतिथियों ने ज्ञान, संस्कार, न्याय एवं राष्ट्रसेवा के आदर्शों पर चलते हुए समाज में सकारात्मक भूमिका निभाने का संदेश दिया।
कॉलेज के प्रबंधक यशपाल सिंह एडवोकेट ने सभी अतिथियों, पत्रकारों, शिक्षकों एवं अभिभावकों का पुष्पगुच्छ, अंगवस्त्र एवं स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मान किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि विधि शिक्षा केवल एक डिग्री प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि न्याय, संविधान और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को आत्मसात करने का सशक्त साधन है।
उन्होंने कहा कि एक सफल अधिवक्ता वही होता है, जो सत्य, ईमानदारी और संवैधानिक मूल्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है। उन्होंने पंचम बैच के विद्यार्थियों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं देते हुए नवप्रवेशित छात्र-छात्राओं का कॉलेज परिवार में आत्मीय स्वागत किया तथा उन्हें अनुशासन, परिश्रम, नैतिक मूल्यों एवं सेवा भावना के साथ अध्ययन करने के लिए प्रेरित किया।
मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों ने अपने संबोधन में कहा कि आज के विद्यार्थी ही भविष्य के न्यायविद, अधिवक्ता, न्यायाधीश एवं समाज के मार्गदर्शक बनेंगे। उन्होंने विद्यार्थियों से कानून के क्षेत्र में निष्पक्षता, ईमानदारी और संविधान की गरिमा को सर्वोपरि रखते हुए समाज के कमजोर एवं वंचित वर्गों के अधिकारों की रक्षा के लिए सदैव तत्पर रहने का आह्वान किया। वक्ताओं ने कहा कि शिक्षा का वास्तविक उद्देश्य केवल रोजगार प्राप्त करना नहीं, बल्कि समाज में न्याय, समानता और सकारात्मक परिवर्तन की स्थापना करना है।
समारोह के दौरान छात्र-छात्राओं द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रम आकर्षण का केंद्र रहे। देशभक्ति गीत, समूह नृत्य, प्रेरणादायी प्रस्तुतियों एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने उपस्थित सभी अतिथियों का मन मोह लिया। सभागार देर तक तालियों की गड़गड़ाहट से गूंजता रहा।
पंचम बैच के विद्यार्थियों ने कॉलेज में बिताए अपने यादगार अनुभव साझा करते हुए शिक्षकों एवं प्रबंधन के प्रति आभार व्यक्त किया। वहीं नवप्रवेशित छात्र-छात्राओं ने अपना परिचय देते हुए गुणवत्तापूर्ण विधि शिक्षा प्राप्त कर समाज, राष्ट्र एवं न्याय व्यवस्था की सेवा करने का संकल्प दोहराया।
कार्यक्रम के अंत में कॉलेज परिवार की ओर से सभी अतिथियों, पत्रकारों, शिक्षकों, अभिभावकों एवं छात्र-छात्राओं के प्रति आभार व्यक्त किया गया। विदाई लेने वाले विद्यार्थियों को स्मृति-चिह्न प्रदान कर उनके उज्ज्वल भविष्य की मंगलकामनाएं दी गईं। गरिमामय वातावरण में संपन्न यह समारोह न केवल पंचम बैच के विद्यार्थियों के लिए भावनात्मक और अविस्मरणीय क्षण बन गया, बल्कि नवप्रवेशित विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा, आत्मविश्वास और नई ऊर्जा का संदेश भी लेकर आया।
समारोह का सफल संचालन महाविद्यालय परिवार के सहयोग से संपन्न हुआ तथा अंत में राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।













